
दयाछपरा(बलिया)। स्थानीय ग्राम सभा के मां काली स्थान पर आयोजित शतचंडी महायज्ञ के अंतिम दिन सोमवार के भोर से ही श्रद्धालु नर नारियों का हुजूम उमड़ पड़ा।श्रद्धालु मां काली की परिक्रमा करके पुण्य अर्जित करते रहे, वही दिन के 3:00 तक विद्वान पंडितो के विभिन्न वैदिक मंत्र उच्चारण के साथ हवन पूजन चलता रहा। तत्पश्चात 108 कुमारी कन्याओं का पूजन करके प्रसाद ग्रहण करा कर दक्षिण देकर आदर के साथ विदा किया गया।कन्या भोज का आयोजन किया गया। इसके बाद दूर-दूर से आए साधु संतों ने प्रसाद ग्रहण किया। सभी साधु संतों को बाबा बालक दास ने अंग वस्त्र और दक्षिणा देकर बिदाई किए।तत्पश्चात भंडारे का प्रसाद वितरण शुरू हुआ जिसमें हजारों की संख्या में पधारे नर नारियों ने प्रसाद ग्रहण कर पुण्य अर्जित किया ।भंडारा देर रात तक चलता रहा। जहां यज्ञ समिति के कार्यकर्ता अंजनी पांडेय,दुर्गा शंकर पांडेय,कन्हैया जी,मनोज कुशवाहा,दयानंद पांडेय साधु,अनुपम पांडेय,सर्वजीत पासवान,राजकुमार रजक,भिखारी वर्मा व पूरे दया छपरा ग्राम वासी यज्ञ में पधारे श्रद्धालुओं की सेवा में लगे रहे।



