जागरूकताबलियाबिग ब्रेकिंग

बलिया_अंधेर नगरी चौपट राजा “नपा”

बलिया । कही सुनी मुहाबरा है “अंधेर नगरी चौपट राजा, टके सेर भाजी टके सेर खाजा,” मै पुरे प्रदेश को लेकर तो नही कह सकता पर प्रदेश के ही एक जिला बलिया है जहाँ पर यह मुहाबरा आजकल बहुत सटीक बैठ रहा है । ददरी मेले के आयोजन को लेकर जो रस्साकसी का खेल, जिला कलक्टर और नगरपालिका के निर्वाचित अध्यक्ष के बीच हुई वह जग जाहिर है । नगर के विधायक और प्रदेश सरकार मे मंत्री माननीय दयाशंकर जी खेल का अम्पायरिंग करते करते खुद को ही विजयी घोषित कर दिये । कहाँ नगर अध्यक्ष मिठाई लाल को मेले का आयोजन करना था पर आज वह फाइलों के साथ आदलतों के चक्कर लगाने मे ही हकलान हैं ।
मुहाबरे की एक बानगी और देखिये- नगरपालिका मे कार्यरत करीब 500 कर्मचारियों का वेतन भुगतान नही हो पा रहा है इसलिए कि अध्यक्ष का वित्तीय अधिकार छीन लिया गया है । कर्मचारी हड़ताल पर हैं । अब नगरपालिका के अधिशासि अधिकारी कहते हैं कि तंख्वाह निर्गत करने के आदेश पर मै हस्ताक्षर कर दिया हूँ अब अध्यक्ष जी कर दें तो मेरे तंख्वाह के साथ अन्य सभी की सेलरी मिल जाय और हड़ताल भी खतम हो जाय  पर सवाल यह है कि जब अध्यक्ष का वित्तीय अधिकार है ही नहीं तो हस्ताक्षर किस काम का? अधिशासि अधिकारी का जवाब है कि अध्यक्ष जी को पावरलेस मेले के लिए किया गया है, सेलरी बाँटने के लिए नही है न “अंधेर नगरी चौपट राजा, टके सेर बाजी टके सेर खाजा”
योगी जी सूबे के मुखिया है और यह जिला उनके कर्म क्षेत्र की सीमा से सट के है । उनके सरकार का एक मंत्री भी इस बवाल मे शामिल है उस पर कई ऐसे दरबारी है भी हैं जो गाहे बगाहे काना फुसी करते होंगे फिर भी योगी जी इन बातों का संज्ञान नही ले रहे हैं या फिर सच मे उन्हे इन बातों का इल्म नही । अगर एसा है तो मुख्यमंत्री जी के कानों तक यह बात पहुंचानी चाहिए कि आपके ही पार्टी से जनता द्वारा चुना गया एक जन प्रतिनिधि के साथ आपका कलेक्टर कैसा व्यवहार कर रहा है l अगर यह मसला मुख्यमंत्री जी की नजर में मामूली है तो मै भी कुछ नही कहता पर लोग तो कहेंगे की “अंधेर नगरी चौपट राजा —– ।
यह लोग कौन हैं? यह जनता है जो नगरपालिका अध्यक्ष चुनती है, विधायक चुनती है, सांसद चुनती है तब सरकारें बनती है । मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री बनते हैं । तब निश्चित ही जनता बड़ी है फिर जनता के जनादेश पर अध्यक्ष बने मिठाई लाल की यह दुर्गति, जनता की दुर्गति ही तो है । फिर बड़ा सवाल की क्या योगी जी जनता के जनादेश से बड़ा शासनादेश है, कलक्टर है या उनका कोई मंत्री संत्री?

भरत चतुर्वेदी के फेसबुक वाल से👆

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button